कैपà¥à¤Ÿà¤¨ कीशिंग कà¥à¤²à¤¿à¤«à¥‹à¤°à¥à¤¡ नोंगà¥à¤°à¤®, महावीर चकà¥à¤° (मरणोपरांत) का जनà¥à¤® 7 मारà¥à¤š 1975 को मेघालय के शिलांग में हà¥à¤† था। उनके पिता शà¥à¤°à¥€ पीटर कीशिंग à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ सà¥à¤Ÿà¥‡à¤Ÿ बैंक में काम करते थे जबकि उनकी माà¤, शà¥à¤°à¥€à¤®à¤¤à¥€ सैली नोंगà¥à¤°à¤®, à¤à¤• गृहिणी हैं। कैपà¥à¤Ÿà¤¨ कà¥à¤²à¤¿à¤«à¥‹à¤°à¥à¤¡ नोंगà¥à¤°à¤® आंशिक रूप से नागा और आंशिक रूप से खासी थे (उनके पिता उखरà¥à¤² मणिपà¥à¤° के तांगखà¥à¤² आदिवासी हैं), लेकिन उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने खासी मातृसतà¥à¤¤à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤• समाज की परंपराओं के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° अपना नाम नोंगà¥à¤°à¤® अपनी खासी मां से लिया। नोंगà¥à¤°à¤® निवास से 50 मीटर दूर à¤à¤• टीले ने सà¥à¤ªà¤·à¥à¤Ÿ रूप से कैपà¥à¤Ÿà¤¨ कà¥à¤²à¤¿à¤«à¥‹à¤°à¥à¤¡ को अपना मन बनाने में मदद की। वह अकà¥à¤¸à¤° असम राइफलà¥à¤¸ बेस में पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤‚ के दैनिक अà¤à¥à¤¯à¤¾à¤¸ में तलà¥à¤²à¥€à¤¨ होकर, à¤à¤• किलोमीटर आगे हैपà¥à¤ªà¥€ वैली में नीचे की ओर देखते हà¥à¤ टीले पर घंटों बिताते थे।
कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® ने अपनी हाई-सà¥à¤•ूल शिकà¥à¤·à¤¾ शिलांग के डॉन बॉसà¥à¤•ो टेकà¥à¤¨à¤¿à¤•ल सà¥à¤•ूल से पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ की और सेंट à¤à¤‚थोनी कॉलेज, शिलांग से राजनीति विजà¥à¤žà¤¾à¤¨ में सà¥à¤¨à¤¾à¤¤à¤• की पढ़ाई पूरी की। वह अपने सà¥à¤•ूल के दिनों से ही à¤à¤• ईमानदार, आजà¥à¤žà¤¾à¤•ारी, ईमानदार और मेहनती बचà¥à¤šà¤¾ था। कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® को फà¥à¤Ÿà¤¬à¥‰à¤² और मà¥à¤•à¥à¤•ेबाजी में बहà¥à¤¤ रà¥à¤šà¤¿ थी। 1993 में उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने अपने इलाके के आसपास के छोटे बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को फà¥à¤Ÿà¤¬à¥‰à¤² खेलने के लिठपà¥à¤°à¥‹à¤¤à¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤¿à¤¤ करने के लिठकीव शफà¥à¤°à¤¾à¤‚ग सà¥à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿà¥à¤¸ कà¥à¤²à¤¬ नामक à¤à¤• कà¥à¤²à¤¬ का गठन किया। वह सà¥à¤•ूल फà¥à¤Ÿà¤¬à¥‰à¤² टीम के कपà¥à¤¤à¤¾à¤¨ à¤à¥€ थे और खेल ने उनके नेतृतà¥à¤µ गà¥à¤£à¥‹à¤‚ को निखारने में मदद की। कॉलेज खतà¥à¤® करने के बाद सशसà¥à¤¤à¥à¤° बलों में शामिल होने के उनके जà¥à¤¨à¥‚न ने उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ 1996 में ६४ वें à¤à¤¸à¤à¤¸à¤¸à¥€ पाठà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤® में अधिकारी पà¥à¤°à¤¶à¤¿à¤•à¥à¤·à¤£ अकादमी में शामिल होने के लिठपà¥à¤°à¥‡à¤°à¤¿à¤¤ किया। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने ऑफिसरà¥à¤¸ टà¥à¤°à¥‡à¤¨à¤¿à¤‚ग अकादमी, चेनà¥à¤¨à¤ˆ (ओटीà¤) से सà¥à¤¨à¤¾à¤¤à¤• की उपाधि पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ की और उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ जमà¥à¤®à¥‚ और कशà¥à¤®à¥€à¤° लाइट इनà¥à¤«à¥ˆà¤‚टà¥à¤°à¥€ रेजिमेंट की 12वीं बटालियन में नियà¥à¤•à¥à¤¤ किया गया।
जून-जà¥à¤²à¤¾à¤ˆ 1999 के दौरान कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® की यूनिट को लदà¥à¤¦à¤¾à¤– के बटालिक सेकà¥à¤Ÿà¤° में तैनात किया गया था और वह "ऑपरेशन विजय" का हिसà¥à¤¸à¤¾ थी। यूनिट 70 इनà¥à¤«à¥ˆà¤‚टà¥à¤°à¥€ बà¥à¤°à¤¿à¤—ेड की कमान के तहत काम कर रही थी और समगà¥à¤° नियंतà¥à¤°à¤£ 3 इनà¥à¤«à¥ˆà¤‚टà¥à¤°à¥€ डिवीजन के पास था। मई 1999 की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ में पाकिसà¥à¤¤à¤¾à¤¨à¥€ सेना ने à¤à¤²à¤“सी के पार मà¥à¤¶à¥à¤•ोह, दà¥à¤°à¤¾à¤¸, काकसर और बटालिक सेकà¥à¤Ÿà¤°à¥‹à¤‚ में अचà¥à¤›à¥€ घà¥à¤¸à¤ªà¥ˆà¤ कर ली थी। à¤à¤²à¤“सी के पार घà¥à¤¸à¤ªà¥ˆà¤ की सीमा पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¥‡à¤• सेकà¥à¤Ÿà¤° में 4 से 8 किमी तक थी। कई महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ बिंदà¥à¤“ं पर न तो तोपखाने और न ही वायॠशकà¥à¤¤à¤¿ दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ सेना को हटा सकती थी जो दृशà¥à¤¯ सीमा में नहीं थे। à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ सेना के पास सीधे हमले के लिठसैनिकों को à¤à¥‡à¤œà¤¨à¥‡ के अलावा कोई विकलà¥à¤ª नहीं था जो धीमे थे और à¤à¤¾à¤°à¥€ नà¥à¤•सान उठाते थे। à¤à¤¸à¤¾ ही à¤à¤• मिशन बटालिक सेकà¥à¤Ÿà¤° में रणनीतिक रूप से महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ पà¥à¤µà¤¾à¤‡à¤‚ट 4812 पर कबà¥à¤œà¤¾ करने के लिठ30 जून 1999 को 12 जमà¥à¤®à¥‚ à¤à¤‚ड कशà¥à¤®à¥€à¤° लाइट इनà¥à¤«à¥‡à¤‚टà¥à¤°à¥€ को सौंपा गया । कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® को इस महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ मिशन के लिठआकà¥à¤°à¤®à¤£ दल का नेतृतà¥à¤µ करने का काम सौंपा गया था।
30 जून/01 जà¥à¤²à¤¾à¤ˆ 1999 की रात को कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® अपने सैनिकों के साथ दकà¥à¤·à¤¿à¤£à¤ªà¥‚रà¥à¤µà¥€ दिशा से हमला करने के लिठरवाना हà¥à¤à¥¤ उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने अपने दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ सीखे गठसà¤à¥€ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ शिलà¥à¤ª कौशल का उपयोग करते हà¥à¤ लगà¤à¤— असंà¤à¤µ ऊरà¥à¤§à¥à¤µà¤¾à¤§à¤° चटà¥à¤Ÿà¤¾à¤¨ पर अपने सà¥à¤¤à¤‚ठका नेतृतà¥à¤µ किया। कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® और उनके दृढ़ दसà¥à¤¤à¥‡ ने चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¥€à¤ªà¥‚रà¥à¤£ कारà¥à¤¯ को अंजाम दिया और शीरà¥à¤· पर दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ के आशà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤‚ तक पहà¥à¤‚चने के लिठलगातार लेकिन चà¥à¤ªà¤šà¤¾à¤ª चढ़ाई की। शीरà¥à¤· पर पहà¥à¤‚चने पर उनके सà¥à¤¤à¤‚ठको दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ सेना के कड़े विरोध का सामना करना पड़ा कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि वे पतà¥à¤¥à¤°à¥‹à¤‚ से बनी आपस में जà¥à¤¡à¤¼à¥€ हà¥à¤ˆ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में अचà¥à¤›à¥€ तरह से जमे हà¥à¤ थे और तोपखाने की आग से à¤à¥€ उन पर हमला नहीं किया जा सकता था। दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ ने लगà¤à¤— दो घंटे तक à¤à¤¾à¤°à¥€ सà¥à¤µà¤šà¤¾à¤²à¤¿à¤¤ गोलाबारी से कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® के सà¥à¤¤à¤‚ठको गिरा दिया। कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® को à¤à¤¹à¤¸à¤¾à¤¸ हà¥à¤† कि दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ सेना मजबूत सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में थी और अपने उदà¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥à¤¯ की ओर आगे बढ़ने के लिठउन पर काबू पाने के लिठà¤à¤• साहसी कारà¥à¤°à¤µà¤¾à¤ˆ की आवशà¥à¤¯à¤•ता थी। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ की गंà¤à¥€à¤°à¤¤à¤¾ का विशà¥à¤²à¥‡à¤·à¤£ करने में जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ समय नहीं लिया और अपनी वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤—त सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ की परवाह किठबिना अगà¥à¤¨à¤¿ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° से होकर निकल गà¤à¥¤ पहले सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ पर पहà¥à¤à¤šà¤•र उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने उसमें हथगोले फेंके और छह दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ सैनिकों को मार डाला। फिर उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ की दूसरी सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ से दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ की यूनिवरà¥à¤¸à¤² मशीन गन छीनने की कोशिश की और गोलियों की बौछार कर दी।
कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® की साहसिक कारà¥à¤°à¤µà¤¾à¤ˆ ने न केवल दà¥à¤¶à¥à¤®à¤¨ को सà¥à¤¤à¤¬à¥à¤§ कर दिया, बलà¥à¤•ि उनके सैनिकों को करीब आने और अंततः सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ साफ़ करने के लिठमूलà¥à¤¯à¤µà¤¾à¤¨ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ समय à¤à¥€ दिया। गंà¤à¥€à¤° रूप से घायल होने के बावजूद उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने बाहर जाने से इनकार कर दिया और तब तक बहादà¥à¤°à¥€ से लड़ते रहे जब तक कि उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने दम नहीं तोड़ दिया। कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® और 3 अनà¥à¤¯ सैनिकों के अलावा जो ऑपरेशन के दौरान घायल हो गठथे उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने बाद में दम तोड़ दिया और शहीद हो गà¤à¥¤ अनà¥à¤¯ बहादà¥à¤°à¥‹à¤‚ में हवलदार अबà¥à¤¦à¥à¤² करीम, हवलदार दलेर सिंह à¤à¤¾à¤Š और हवलदार यà¥à¤—ल किशोर शामिल थे। कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® और उनके साथियों के इस साहसी कारà¥à¤¯ ने अंततः पà¥à¤µà¤¾à¤‡à¤‚ट 4812 पर कबà¥à¤œà¤¼à¤¾ करने का मारà¥à¤— पà¥à¤°à¤¶à¤¸à¥à¤¤ कर दिया।
कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® को उनकी असाधारण बहादà¥à¤°à¥€, अदमà¥à¤¯ à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ और सरà¥à¤µà¥‹à¤šà¥à¤š बलिदान के लिठदेश का दूसरा सरà¥à¤µà¥‹à¤šà¥à¤š वीरता पà¥à¤°à¤¸à¥à¤•ार, "महावीर चकà¥à¤°" (मरणोपरांत) से समà¥à¤®à¤¾à¤¨à¤¿à¤¤ किया गया। कैपà¥à¤Ÿà¤¨ नोंगà¥à¤°à¤® मेघालय राजà¥à¤¯ से यह अनोखा समà¥à¤®à¤¾à¤¨ पाने वाले à¤à¤•मातà¥à¤° सैनिक हैं। कैपà¥à¤Ÿà¤¨ कीशिंग कà¥à¤²à¤¿à¤«à¤¼à¥‹à¤°à¥à¤¡ नोंगà¥à¤°à¤® के परिवार में उनके पिता शà¥à¤°à¥€ पीटर कीशिंग, माता शà¥à¤°à¥€à¤®à¤¤à¥€ सैली नोंगà¥à¤°à¤® और à¤à¤¾à¤ˆ शà¥à¤°à¥€ जेफ़री नोंगà¥à¤°à¤® और शà¥à¤°à¥€ पॉल नॉनगà¥à¤°à¤® हैं।
सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ विवेकानंद सà¥à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€ विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤²à¤¯ की ओर से कैपà¥à¤Ÿà¤¨ कीशिंग कà¥à¤²à¤¿à¤«à¥‹à¤°à¥à¤¡ नोंगà¥à¤°à¤®, महावीर चकà¥à¤° (मरणोपरांत) को उनकी पà¥à¤£à¥à¤¯à¤¤à¤¿à¤¥à¤¿ पर बारंबार नमन !




